गणिकाओं के लिए इतना भेदभाव क्यों?
देश के प्रसिद्ध कथा वाचक मोरारी बापू हालही में मुंबई के कमाठीपुरा इलाके पहुंचे। कमाठीपुरा यह मुबंई जैसे खूखसूरत और प्रसिद्ध शहर के सबसे बदनाम इलाकों में से एक है। आम भाषा में इसे लाल बाजार या रेड लाइट एरिया कहते हैं। और आसान शब्दों में कहें तो यह वह इलाका का जहां हर रोज लगभग हर वो काम होता है, जिसे करने की इजाजत हमारा समाज हमें नहीं देता। यह यूं कहें कि जिन्हें करने की इजाजत शरीफ घर के लोगों को नहीं होती। यह सब सुन कर अखबारों और न्यूज चैनलों से दूर रहने वाले लोगों को अधिक हैरानी होगी। हैरानी यह सोच कर कि जब यह इलाका इतना बदनाम है, तो देश में प्रसिद्ध कथाकार के रूप में प्रसिद्ध मोरारी बापू यहां क्यों गए थे? दरसल मोरारी बापू कमाठीपुरा में रहने वाली महिलाओं को यह बताने गए थे कि वह सब उनकी बेटियां हैं। देश की वे बेटियां जिनका जिक्र होते ही समाज में अछाई के नाम पर व्यापार करने वाले लोगों की जुबान और मन गंदी और गलीच बातों से भर जाते हैं। मोरारी बापू अपनी इन्हीं बेटियों को अयोध्या आने का न्योता देने गए थे। न्योता उस कथा को सुनने का जोकि उनके जैसी ही एक महि...